कमलनाथ सरकार का कागजी भ्रम है RIGHT TO HEALTH !

कमलनाथ सरकार का कागजी भ्रम है RIGHT TO HEALTH !
Spread the love

भोपाल:- मध्य प्रदेश की कमलनाथ सरकार प्रदेश में ‘स्वास्थ्य का अधिकार” कानून लागू करने की तैयारी कर रही है. इसके तहत सभी परिवारों को साल में डेढ़ से दो लाख रुपए तक का कैशलेस इलाज देने पर विचार चल रहा है. कांग्रेस ने अपने चुनावी वचन-पत्र में ‘स्वास्थ्य का अधिकार’ कानून लागू करने की बात कही थी. अब इसे अमली जामा पहनाया जा रहा है. वहीं भाजपा ने सरकार की इस योजना पर सवाल उठाये हैं.पूर्व मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने सरकार के इस कदम को कागजी और भ्रम फैलाना वाला बताया है.पूर्व मंत्री मिश्रा ने शुक्रवार को मीडिया से चर्चा में कहा कि साढ़े पांच करोड़ जनता प्रदेश में पहले से ही केंद्र सरकार की आयुष्मान योजना से कवर हो रही है. बाकी जो लोग बच रहे उसके क्रेडिट लेने की कोशिश हो रही है.
मध्य प्रदेश स्थापना दिवस पर प्रदेश वासियों को बधाई देते हुए पूर्व मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने सरकार से प्रार्थना करते हुए कहा कि किसानों के खाते में दो लाख कब तक आएंगे यह स्पष्ट करें, अतिवृष्टि की मुआवजा राशि कब तक आएगी, 160 रुपए किसानों का रुका हुआ है यह कब तक उनके खाते में पहुंचेगा| बेरोजगारों को भत्ता कब मिलेगा.

गौरतलब है की राइट टू हेल्थ को लेकर मिंटो हॉल में हेल्थ के एक्सपर्ट्स ने स्वास्थ्य पर मंथन किया लेकिन पूर्व मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने इसपर बयानबाजी कर सियासत को गरमा दिया.

COMMENTS

WORDPRESS: 0
DISQUS: 0
© 2021 MP NEWS AND MEDIA NETWORK PRIVATE LIMITED