MP: गणतंत्र दिवस पर दिखी CM मोहन यादव की दूरदृष्टि, उज्जैन से खास संदेश दिया

गणतंत्र दिवस के मौके पर मुख्यमंत्री मोहन यादव ने अपने गृहनगर उज्जैन में परेड की सलामी ली , पहली बार किसी मुख्यमंत्री ने शिप्रा के तट पर तिरंगा फहराकर गणतंत्र दिवस मनाया। इस दौरान सीएम मोहन ने विकास, किसान कल्याण और मेट्रोपॉलिटन सिटी की बड़ी योजनाओं का ऐलान किया।
देश 77वां गणतंत्र दिवस पूरे उल्लास और गौरव के साथ मना रहा है, हर तरफ राष्ट्रभक्ति की गूंज है, लेकिन मुख्यमंत्री मोहन यादव ने शिप्रा तट पर तिरंगा फहराकर ऐतिहासिक संदेश दिया है। कार्तिक मेला ग्राउंड पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने परेड की सलामी ली, यह पहला अवसर था जब किसी मुख्यमंत्री ने शिप्रा तट पर गणतंत्र दिवस का ध्वजारोहण किया हो।
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन की शुरुआत जय श्री महाकाल के जयकारे से की, प्रदेशवासियों को गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में मध्यप्रदेश सरकार विकास के हर कदम में केंद्र सरकार के साथ कंधे से कंधा मिलाकर आगे बढ़ रही है, मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत की अर्थव्यवस्था कृषि आधारित है और किसानों की खुशहाली सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसी दिशा में मध्यप्रदेश सरकार ने वर्ष 2026 को किसान कल्याण वर्ष के रूप में मनाने का निर्णय लिया है। कृषि विकास को नई ऊंचाइयों तक ले जाने के लिए राज्य में एक नया कृषि मॉडल तैयार किया गया है।
इस दौरान उन्होंने कहा- इंदौर, उज्जैन और भोपाल के आसपास के क्षेत्रों को जोड़कर मेट्रोपॉलिटन सिटी विकसित की जा रही है, जिससे रोजगार, निवेश और शहरी विकास को नई दिशा मिलेगी।
बता दें कि, जिस जगह सीएम मोहन यादव ने तिरंगा फहरया , दो साल बाद इसी क्षेत्र में सिंहस्थ होगा। इसका मुख्य आयोजन कार्तिक मेला ग्राउंड के पास दत्त अखाड़ा और रामघाट पर होगा। ऐसे में सीएम मोहन ने सिंहस्थ मेला क्षेत्र को प्रमोट करने के उद्देश्य से इस बार गणतंत्र दिवस की परेड और मुख्य समारोह के लिए इसी क्षेत्र को चुना है।



