MP: मोहन कैबिनेट के बड़े फैसले, प्रदेश में UCC लागू करने की प्रक्रिया शुरू

मध्यप्रदेश अब मिल्क कैपिटल बनेगा, मोहन कैबिनेट में राज्य को मिल्क कैपिटल बनाने का विजन पेश किया साथ ही पशुपालकों की सुविधा के लिए “गौ रस” मोबाइल एप भी लॉन्च किया गया है, वही प्रदेश में समान नागरिक संहिता यानी UCC लागू करने की दिशा में सरकार ने बड़ा कदम उठाया है।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में कई बड़े और अहम फैसलों पर मुहर लगी है। मध्य प्रदेश सरकार अब समान नागरिक संहिता लागू करने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रही है। सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्री चैतन्य कुमार काश्यप ने कैबिनेट की जानकारी देते हुए बताया कि UCC को लेकर जनता से सुझाव लिए जा रहे हैं और यह प्रक्रिया 30 जुलाई तक पूरी कर ली जाएगी। वही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार के 12 वर्ष पूरे होने के अवसर पर 5 जून से प्रदेशभर में विशेष कार्यक्रमों की श्रृंखला भी शुरू की जाएगी, जिसमें सरकार और संगठन मिलकर भाग लेंगे।
वहीं उन्होंने बताया कि, कृषि क्षेत्र में इस बार रिकॉर्ड गेहूं उपार्जन हुआ है। सरकार का लक्ष्य 100 लाख मीट्रिक टन गेहूं खरीदने का था, लेकिन इसके मुकाबले करीब 4 लाख मीट्रिक टन अधिक गेहूं खरीदा गया है। इसके साथ ही उड़द और मूंग की खरीदी के लिए किसानों का पंजीयन भी शुरू कर दिया गया है। प्रदेश को मिल्क कैपिटल बनाने के लक्ष्य के साथ डेयरी सेक्टर पर भी सरकार का फोकस बढ़ा है। पशुपालकों की सुविधा के लिए “गौ रस” मोबाइल एप भी लॉन्च किया गया है, जिसके जरिए पशुओं के आहार, मौसम और देखभाल से जुड़ी जानकारी आसानी से मिलेगी।
कुल मिलाकर मध्य प्रदेश सरकार अब विकास के कई मोर्चों पर एक साथ काम करते हुए बड़े बदलाव की तैयारी में है। चाहे वो समान नागरिक संहिता हो, कृषि क्षेत्र हो या फिर डेयरी और जल संरक्षण।



