MP: कान्हा में जंगली भैंसों की वापसी, CM मोहन यादव ने सॉफ्ट रिलीज किया

मध्यप्रदेश के जंगलों से वन्यजीव संरक्षण की एक ऐतिहासिक तस्वीर सामने आई है। करीब 100 साल के लंबे इंतजार के बाद कान्हा टाइगर रिजर्व में जंगली भैंसों की वापसी हुई है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कान्हा के सुपखार क्षेत्र पहुंचकर इस पुनस्र्थापना अभियान के तहत असम से लाए गए 8 जंगली भैंसों को बड़े प्राकृतिक बाड़े में सॉफ्ट रिलीज किया। इनमें 2 नर और 6 मादा भैंसें शामिल हैं।
कान्हा के जंगलों में अब एक बार फिर जंगली भैंसों की मौजूदगी देखने को मिलेगी। लगभग एक सदी के लंबे अंतराल के बाद इस प्रजाति की वापसी ने मध्यप्रदेश के वन्यजीव संरक्षण अभियान को नई उम्मीद दी है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव कान्हा टाइगर रिजर्व के सुपखार क्षेत्र पहुंचे, जहां उन्होंने असम के काजीरंगा से लाए गए 8 जंगली भैंसों को छोटे बाड़े से निकालकर बड़े प्राकृतिक बाड़े में सॉफ्ट रिलीज किया। इस दौरान वन्यजीव संरक्षण से जुड़े इस अभियान के अगले चरण की शुरुआत हुई।
इन जंगली भैंसों को असम के प्रसिद्ध काजीरंगा टाइगर रिजर्व से मध्यप्रदेश लाया गया। काजीरंगा से कान्हा तक करीब 2220 किलोमीटर की लंबी यात्रा के दौरान वन्यजीव चिकित्सकों की विशेष टीम तैनात रही। टीम ने पूरे सफर में भैंसों की सेहत और सुरक्षा पर नजर रखी। कान्हा पहुंचने के बाद शुरुआती चरण में इन्हें छोटे बाड़े में रखा गया था। बारिश के बाद अब इन्हें बड़े प्राकृतिक बाड़े में स्थानांतरित किया गया है, ताकि नए वातावरण में ढलने की प्रक्रिया आगे बढ़ सके।
इस अभियान के तहत लाए गए 8 जंगली भैंसों में 2 नर और 6 मादा शामिल हैं। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के मुताबिक, परियोजना के दूसरे चरण में इन्हें दो खेपों में मध्यप्रदेश लाया गया था।



