एमपी-citiesएमपी-ब्रेकिंगमेरा-देशराजधानी-रिपोर्टविशेष

MP: ग्वालियर में सिंधिया परिवार का शाही शमी पूजन, 300 साल पुरानी परंपरा का निर्वहन

ग्वालियर में विजयादशमी का पर्व एक बार फिर राजसी परंपरा और ऐतिहासिक विरासत के रंग में रंगा नजर आया। सिंधिया राजपरिवार ने करीब 300 साल पुरानी परंपरा को शाही अंदाज में निभाया। केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया शाही सवारी के साथ दशहरा मैदान पहुंचे, जहां उन्होंने विधि-विधान से शमी वृक्ष का पूजन किया। परंपरा के मुताबिक, जैसे ही सिंधिया ने अपनी तलवार से शमी की डाल को स्पर्श किया, वहां मौजूद लोग शमी की पत्तियां लेने के लिए उमड़ पड़े।

ग्वालियर में दशहरा और सिंधिया राजपरिवार की शाही परंपरा! विजयादशमी के पावन अवसर पर शहर के दशहरा मैदान में ऐतिहासिक शमी पूजन का आयोजन किया गया। केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने सबसे पहले गोरखी स्थित देवघर में पूजा-अर्चना की। इसके बाद वे शाही सवारी के साथ दशहरा मैदान पहुंचे। उनके साथ बेटे महाआर्यमन सिंधिया भी मौजूद रहे। मैदान में बड़ी संख्या में नगरवासी इस पारंपरिक आयोजन के साक्षी बने और ज्योतिरादित्य सिंधिया का अभिवादन किया।

दशहरा मैदान पहुंचने के बाद ज्योतिरादित्य सिंधिया ने विधि-विधान से शमी वृक्ष का पूजन किया। इसके बाद परंपरा के अनुसार अपनी तलवार से शमी की डाल को स्पर्श किया और शमी पूजन की रस्म पूरी हुई। जैसे ही तलवार ने शमी की डाल को छुआ, वहां मौजूद लोगों में शमी की पत्तियां लेने की होड़ लग गई। मान्यता है कि विजयादशमी पर शमी की पत्तियों को सोने के समान शुभ माना जाता है। लोग इन्हें विजय, सुख-समृद्धि और सौभाग्य के प्रतीक के रूप में अपने घर ले जाते हैं।

सिंधिया परिवार में शमी पूजन की परंपरा का ऐतिहासिक महत्व है। इसे विजय और समृद्धि का प्रतीक माना जाता है और यह परंपरा महादजी सिंधिया के समय से चली आ रही है। हर साल विजयादशमी पर होने वाला यह आयोजन ग्वालियर की राजसी विरासत और स्थानीय आस्था की झलक पेश करता है।

तलवार से शमी की डाल का स्पर्श और फिर पत्तियां लेने के लिए उमड़ा जनसैलाबकृग्वालियर के शाही दशहरे की यह परंपरा इस बार भी आकर्षण का केंद्र रही। आस्था, विरासत और विजय के संदेश के साथ ग्वालियर में दशहरे का यह आयोजन एक बार फिर खास बन गया।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button