MP: अर्बन ग्रोथ कॉन्क्लेव में 6 एमओयू, शहरी विकास को मिलेगी नई रफ्तार, इंदौर और भोपाल बनेंगे मेट्रोपॉलिटन सिटी

मध्य प्रदेश में शहरी विकास को नई रफ्तार देने की तैयारी है। इंदौर में आयोजित अर्बन ग्रोथ कॉन्क्लेव में शहरी विकास, जल प्रबंधन, किफायती आवास और धार्मिक पर्यटन से जुड़ी योजनाओं को आगे बढ़ाने के लिए 6 एमओयू पर हस्ताक्षर किए गए। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रदेश में इंदौर और भोपाल को छह-छह जिलों को मिलाकर मेट्रोपॉलिटन सिटी के रूप में विकसित किया जा रहा है। इसके बाद जबलपुर और ग्वालियर को भी इस योजना से जोड़ने की तैयारी है।
इंदौर में आयोजित अर्बन ग्रोथ कॉन्क्लेव में मध्य प्रदेश के शहरी विकास को लेकर बड़े विजन पर चर्चा हुई। कॉन्क्लेव के दौरान शहरी विकास, जल प्रबंधन, किफायती आवास और धार्मिक पर्यटन से जुड़ी योजनाओं को आगे बढ़ाने के लिए 6 एमओयू पर हस्ताक्षर किए गए। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि शहरीकरण को लेकर मध्यप्रदेश रोलमॉडल बनकर सामने आ रहा है । गरीबों को किफायती मकान दिलाकर मदद कर रहे है , नई टाउनशिप में जो जो सुविधाएं चाहिए सबके लिए प्लान किया गया है।
प्रदेश में नियोजित शहरी विकास के तहत इंदौर और भोपाल को छह-छह जिलों को मिलाकर मेट्रोपॉलिटन सिटी के रूप में विकसित किया जा रहा है। इसके अगले चरण में जबलपुर और ग्वालियर को भी मेट्रोपॉलिटन सिटी के रूप में विकसित करने की योजना पर काम किया जाएगा। सरकार की इंटीग्रेटेड पॉलिसी के तहत इकोनॉमिक कॉरिडोर विकसित करने और 100 मंजिला इमारतों तक के निर्माण की अनुमति देने पर भी जोर रहेगा।
कुल मिलाकर इंदौर अर्बन ग्रोथ कॉन्क्लेव में हुए 6 एमओयू और मेट्रोपॉलिटन सिटी की योजना ने प्रदेश के शहरी विकास का रोडमैप सामने रखा है। आने वाले समय में इन योजनाओं का असर प्रदेश के शहरों की तस्वीर और विकास की दिशा पर देखने को मिल सकता है।



