MP: टेक ग्रोथ कॉन्क्लेव 3.0 से टेक हब बनने की ओर अग्रसर मध्यप्रदेश, CM मोहन यादव का बड़ा विजन

क्या मध्यप्रदेश अब कृषि प्रधान राज्य की पहचान से आगे बढ़कर देश का अगला टेक्नोलॉजी और इनोवेशन हब बनने की ओर बढ़ रहा है? भोपाल में शुरू हुए एमपी टेक ग्रोथ कॉन्क्लेव 3.0 में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रदेश के लिए बड़ा विजन पेश किया। निवेश, आईटी, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, सेमीकंडक्टर और ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर पर फोकस करते हुए मुख्यमंत्री ने कई बड़ी घोषणाएं कीं है। इंदौर और भोपाल में नए आईटी पार्क, हजारों करोड़ के निवेश और युवाओं के लिए रोजगार। सरकार ने टेक सेक्टर को प्रदेश की नई विकास शक्ति बनाने का रोडमैप सामने रखा।
भोपाल में एमपी टेक ग्रोथ कॉन्क्लेव 3.0 का शुभारंभ मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने किया। देश-विदेश के उद्योगपतियों, निवेशकों और नीति विशेषज्ञों की मौजूदगी में आयोजित इस कॉन्क्लेव का उद्देश्य मध्यप्रदेश को तकनीक, नवाचार और निवेश का प्रमुख केंद्र बनाना है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि, पिछले 12 सालों में भारत ने दुनिया में सबसे तेज गति से विकास करने वाले देशों में अपनी पहचान बनाई है। उन्होंने कहा कि, मध्यप्रदेश की पहचान पहले केवल कृषि क्षेत्र तक सीमित थी, लेकिन अब प्रदेश में ड्रोन से लेकर मिसाइल तक का निर्माण हो रहा है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि, कॉन्क्लेव के दौरान 51 विभिन्न गतिविधियों का आयोजन होगा, जिनके माध्यम से प्रदेश में लगभग 40 हजार करोड़ रुपये के निवेश और 35 हजार नए रोजगार सृजित होने की संभावना है। यह आयोजन मध्यप्रदेश को ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर (ळब्ब्), सेमीकंडक्टर और डेटा सेंटर हब के रूप में स्थापित करने की दिशा में एक मील का पत्थर साबित होगा।
सीएम मोहन यादव ने घोषणा करते हुए कहा कि इंदौर के सुपर कॉरिडोर पर लगभग 3 लाख वर्गफुट क्षेत्र में एक आधुनिक आईटी पार्क विकसित किया जाएगा। इसके अलावा भोपाल आईटी पार्क में करीब 4 लाख वर्गफुट क्षेत्र में अत्याधुनिक आईटी पार्क बनाया जाएगा और भोपाल के कोलार रोड पर 5 एकड़ भूमि पर एक नया आईटी पार्क विकसित किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि, इन परियोजनाओं से आईटी, डिजिटल सर्विसेज और स्टार्टअप सेक्टर को नई गति मिलेगी तथा प्रदेश के युवाओं के लिए बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर तैयार होंगे।
कुल मिलाकर टेक्नोलॉजी और रोजगार को केंद्र में रखकर सरकार प्रदेश को नई औद्योगिक पहचान देने की रणनीति पर काम कर रही है। एमपी टेक ग्रोथ कॉन्क्लेव 3.0 केवल एक निवेश सम्मेलन नहीं, बल्कि मध्यप्रदेश की भविष्य की टेक्नोलॉजी आधारित अर्थव्यवस्था का रोडमैप भी माना जा रहा है।



