MP: आदिवासी दिवस पर सियासत तेज, CM मोहन यादव से मिले उमंग सिंघार

मध्यप्रदेश में 9 अगस्त को मनाए जाने वाले विश्व आदिवासी दिवस को लेकर राजनीति गरमा गई है। पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ के बाद अब विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल के साथ मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से मिलने सीएम हाउस आए। मुलाकात के दौरान कांग्रेस ने आदिवासी दिवस पर राजकीय अवकाश घोषित करने समेत कई मांगें मुख्यमंत्री के सामने रखीं। मुख्यमंत्री ने इन मांगों पर विचार करने का भरोसा दिया है।
विश्व आदिवासी दिवस से पहले मध्यप्रदेश की राजनीति में नया मुद्दा सामने आ गया है। नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार कांग्रेस विधायकों के प्रतिनिधिमंडल के साथ मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से मिलने सीएम हाउस आए। कांग्रेस ने 9 अगस्त को विश्व आदिवासी दिवस पर पूरे प्रदेश में राजकीय अवकाश घोषित करने और आदिवासी समाज के अधिकारों से जुड़े मुद्दों पर विशेष पहल कि मांग की है।
मुख्यमंत्री से मुलाकात के बाद उमंग सिंघार ने कहा कि आदिवासी समाज के सम्मान, अधिकार और भविष्य से जुड़े मुद्दों को सरकार गंभीरता से ले। उन्होंने मांग की कि विश्व आदिवासी दिवस पर प्रदेशभर में सार्वजनिक अवकाश घोषित किया जाए और पंचायत स्तर पर आदिवासियों के सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक अधिकारों पर चर्चा आयोजित की जाए। कांग्रेस का कहना है कि फिलहाल राज्य सरकार ने विश्व आदिवासी दिवस को ऐच्छिक अवकाश की श्रेणी में रखा है जबकि इसे राजकीय अवकाश का दर्जा मिलना चाहिए। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल की मांगों पर विचार करने का आश्वासन दिया है।
प्रतिनिधिमंडल में विधायक फुंदेलाल मार्का, केदार डाबर, झूमा सोलंकी, संजय उइके और सुनील उइके भी शामिल रहे। अब सभी की नजर इस बात पर है कि, सरकार 9 अगस्त से पहले इस मांग पर क्या फैसला लेती है।



